कसौटी जिंदगी की Title Track (बाबुल सुप्रियो & प्रिया भट्टाचार्य)

29 October 2001 में lounch किया गया serial Kasauti Zindagi Ki, Ekta Kapoor के production house Balaji telefilms का सबसे superhit serials में से एक था। इसी धारावाहिक का दूसरा session Kasauti Zindagi Ki 2, 25 September को छोटे पर्दे पर दिखाई देने वाला है। आज हम आपको इसी serial का Title track lyrics and review देंगे। ये show जितना hit हुआ था। इसका गाना भी उतना ही superhit हुआ था।
serial-kasauti-zindagi-kay-title-track-lyrics-review
Serial Kasauti Zindagi Ki 2 में प्रेरणा का किरदार Erica Fernandes निभा रही हैं। पिछले session में प्रेरणा का किरदार Shweta Tiwari ने निभाया था। इस किरदार की वजह से ही उनकी पहचान बनी थी। और अनुराग का किरदार Cezanne Khan जी ने निभाया था। जबकि इस बार, इस किरदार को निभाने वाले कलाकार का नाम Parth Samthaan है। पूरे आठ सालों तक, ये धारावाहिक लोगों के दिलों में राज करता रहा। तो चलिए अब पढ़ते हैं Kasauti Zindagi Ki Title Track Review.

Review:

गाने का मिजाज मुस्कुराहट के पीछे गम को छुपाने जैसा है। हर कोई जानता है कि प्यार के रास्ते की कोई मंजिल नहीं होती। इसमें सिर्फ गम और दर्द मिलेगा। फिर भी दो दिल प्यार करने का हौसला कर बैठते हैं। प्यार के रिश्ता अक्सर टूट जा या करते हैं। जिंदगी की उलझनें उन्हें तोड़ देती हैं, या तोड़ने पर मजबुर कर देती है। इतने दुःख में होकर भी लोग मुस्कराते हैं। ये कैसा इम्तेहान है ज़िन्दगी का। जहां दर्द छुपाना भी पड़ता है, और मुकुराना भी पड़ता है। पुराने जमाने के serials में title track को भी अच्छी तरह से फिल्माया जाता था। इस बार भी फिल्माया गया है। जो कि पुराने फिल्मांकन से मिलता जुलता है। लेकिन शानदार है। Erica और Parth की chemistry बहुत अच्छी है। ये serial कितना अच्छा है, या लोगों को कितना पसंद आएगा? ये तो 25 सितंबर के बाद ही पता चलेगा। लेकिन गाना तो लाजवाब है। तो अब पढ़ते हैं Serial Kasauti Zindagi Ki Song Lyrics.

Details:

  • Serial - Kasauti Zindagi Ki
  • Cast - Erica Fernandes, Parth Samthaan
  • Singer - Babul Supriyo, Priya Bhattacharya
  • Lyrics - Priya Bhattacharya
  • Music - Unknown
  • Label - Telly Music Originals

Lyrics:

चाहत के सफर में
हो…
दिलो के हौसले देखो

[ये अक्सर टूट जाते हैं, हो
कभी आँसू बहाते हैं, हो
कभी चलते है सेहरा में
फिर भी मुस्कुराते हैं] (×2)

इम्तिहान हर घड़ी की
कसौटी ज़िन्दगी की
कसौटी ज़िन्दगी की

Post a Comment

1 Comments